अध्याय 18 : वायु तथा जल का प्रदूषण | Air and Water Pollution

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 जल जीवन के लिए आवश्यक है। पृथ्वी पर जीवन के लिए वायुमंडल आवश्यक है। वायु तथा जल प्रदूषण के कारण एवं उपाय।

पृथ्वी पर जीवन के लिए वायुमंडल आवश्यक है।

❍ जिस वायु का उपयोग हम साँस लेने के लिए करते हैं , वास्तव में वह अनेक गैसों का मिश्रण होती है।

 

○ वायु :- नाइट्रोजन 78% , ऑक्सीजन 21% , शेष 1% में कार्बनडाइऑक्साइड , कुछ अन्य गैस , जलवाष्प तथा धूल के कण होते हैं।

○ वायु प्रदूषण :- जब वायु में अनचाहे पदार्थों के द्वारा संदूषित हो जाती है जो सजीव तथा निर्जीव दोनों के लिए हानिकारक है।

 

○ वायु प्रदुषण के कारण :-

1. प्राकृतिक :-

• ज्वालामुखी का फटना
• वनों में लगा आग
• वनों की अंधाधुंध कटाई

 

2. मानवीय क्रियाकलापों

• फैक्टरी का धुँआ।
• विद्युत संयंत्र
• वाहनों का धुआं।

 

○ वाहन अधिक मात्रा में कार्बन मोनोऑक्साइड , कार्बन डाइऑक्साइड , नाइट्रोजन ऑक्साइड तथा धुआँ उत्पन्न करते हैं।

○ पेट्रोल तथा डीजल जैसे ईंधनों के अपूर्ण दहन से कार्बन मोनोऑक्साइड उत्पन्न होती हैं।

दमा , खाँसी , बच्चों में साँस के साथ हरहराहत उत्पन्न हो जाते हैं।

• क्लोरोफ्लोरो कार्बन (CFC) के द्वारा वायुमंडल की ओजोन परत क्षतिग्रस्त हो जाती हैं।

• अम्लीय वर्षा के कारण स्मारक संगरमरमर का संक्षारण होता है।

 

○ सर्वोच्च न्यायालय :- ताजमहल को सुरक्षित रखने के लिए उद्योगों को CNG ( संपीडित प्राकृतिक गैस ) तथा LPG ( द्रवित पेट्रोलियम गैस ) जैसे ईंधनों का उपयोग करने के आदेश दिए गए हैं।

• सूर्य की किरणें वायुमंडल से गुजरने के पश्चात पृथ्वी की सतह को गर्म करती हैं।

• मानव क्रियाकलापों के कारण निरन्तर CO2 वातावरण में मोचित हो रही है जिससे वह क्षेत्र घट रहा है।

 

○ वायुमंडल के औसत ताप में निरन्तर वृद्धि हो रही है इसे विश्व उष्णन कहते हैं।

• पृथ्वी के ताप में केवल 0.5° C जितनी कम वृद्धि के इतने गंभीर परिणाम हो सकते है।

• हिमालय के गंगोत्री हिमनद विश्व उष्णन के कारण पिघलने आरंभ हो गए हैं।

• दिल्ली संसार में सर्वाधिक प्रदूषित नगर है।

जल जीवन के लिए आवश्यक है।

 

○ जल की आवश्यकताएँ :- पीने , नहाने , खाना पकाना , कपड़े धोना आदि।

○ जल कहाँ से प्राप्त करते हैं :- नदियों , झरनों , तालाबों , कुओं अथवा हैडपंप से जल प्राप्त करते हैं।

 

○ जल :- जल एक महत्वपूर्ण नवीकरणीय प्राकृतिक संसाधन है , भूपृष्ठ का तीन-चौथाई भाग जल से ढका है।

लगभग 3.5 अरब वर्ष पहले जीवन , आदि महासागरों में ही प्रारंभ हुआ था।

अलवणीय जल 3℅ प्रतिशत ही है। – बर्फ़ के रूप में अंटाकर्टिका , ग्रीनलैंड , नदियों , झीलों , तालाबों , ध्रुवीय बर्फ़ , भौमजल और वायुमंडल में पाया जाता है।

 

○ जल प्रदूषण :- जब भी वाहित मल , विषैले रसायन , गाद आदि जैसे हानिकारक पदार्थ जल में मिल जाते है जिसे जल प्रदूषण कहते हैं।

○ जल कैसे प्रदूषित होता है।

1- औद्योगिक कूड़ा

2- कृषि क्षेत्र में अनुचित गतिविधियां

3- सामाजिक और धार्मिक रीति-रिवाज, जैसे पानी में शव को बहाने, नहाने, कचरा फेंकने

5- जहाजों से होने वाला तेल का रिसाव

6- एसिड रैन (एसिड की बारिश) गोलबल वार्मिंग के कारण

1985 में नदियों को बचाने के लिए गंगा कार्य परियोजना शुरू हुआ।
○ WWF विश्वव्यापी कोष ने बताया कि संसार के दस नदियों का अस्तित्व खतरे में है।

 

○ जल संरक्षण :- जल का विवेकपूर्ण उपयोग किया जाए और सावधनी बरतें , जिससे जल व्यर्थ न

○ जल की बचत

• कम उपयोग (Reduce)
• पुनः उपयोग (Reuse)
• पुनः चक्रण (Recycle)
• पुनः प्राप्त करना (Recover)
• उपयोग न करना (Refuse)

 

 

 

 

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